श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के बाद यह बड़ी संख्या में पर्यटकों को आकर्षित करने वाला धर्मस्थल होगा अयोध्याः- जयवीर सिंह

0
27
Advertisement

लखनऊ । अयोध्या में श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के बाद यह बड़ी संख्या में पर्यटकों को आकर्षित करने वाला धर्मस्थल होगा। इससे रोजगार बढ़ने के साथ ही अर्थव्यवस्था को भी रफ्तार मिलेगी। पर्यटकों के आगमन को देखते हुए बड़ी संख्या में टूरिस्ट गाइड की आवश्यकता को देखते हुए उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग ने तैयारियां कर ली हैं। अब तक 135 गाइड तैयार किए जा चुके हैं, जो 14 भाषाओं में पर्यटकों से बात कर सकेंगे। इन गाइडों को 10 वर्ष के लिये लाइसेंस दिया गया है। इन्हे ज्यादातर भारतीय भाषाओं का ज्ञान है और अधिकांश गाइड अयोध्या एवं उसके आसपास के रहने वाले है।
यह जानकारी उत्तर प्रदेश के संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री जयवीर सिंह ने दी। उन्होने बताया कि मान्यवर कांशीराम इंस्ट्यूट आफ टूरिज्म मैनेजमेंट लखनऊ एमकेआइटीएम टूरिस्ट गाइड तैयार करने के लिए अधिकृत संस्था है। अयोध्या में टूरिस्ट गाइड के प्रशिक्षण के लिए एमकेआइटीएम में लगभग 235 छात्रों ने आवेदन किया था। इनमें प्रशिक्षण के लिए 167 छात्रों को योग्य पाया गया था। इन छात्रों को केंद्रीय पर्यटन मंत्रालय की गाइडलाइन के अनुसार करीब 40 दिन प्रशिक्षण के बाद परीक्षा कराई गई। परीक्षा में 148 छात्र उपस्थित हुए, इसमें 135 पास हुए। इन छात्रों को सर्टिफिकेट भी जारी की गयी है।
पर्यटन मंत्री ने बताया कि 40 दिन के प्रशिक्षण के बाद उत्तीर्ण हुए 135 छात्रों को लोकल लेवल टूरिस्ट गाइड का लाइसेंस दिया गया है। यह लाइसेंस 10 वर्षों के लिए वैध होगा। इसके बाद रिन्यूअल भी हो सकता है। संस्थान की ओर से अयोध्या में पहले से 13 टूरिस्ट गाइड सेवा दे रहे हैं। मान्यवर कांशीराम इंस्ट्यूट आफ टूरिज्म मैनेजमेंट लखनऊ में करीब 40 दिन की अवधि में बांग्ला, गुजराती, नेपाली और तेलगू का प्रशिक्षण दिया गया है। जिन छात्रों ने जिस भाषा का चयन किया था, उन्हें उसका प्रशिक्षण दिया गया है। लगभग सभी छात्रों को हिंदी और अंग्रेजी भाषा का ज्ञान है। इसके अलावा कुछ छात्रों को मराठी, पंजाबी, सिंधी, तमिल, कन्नड़, फ्रेंच, रशियन और कोरियन भाषा मैं भी संवाद कर सकेंगे।
पर्यटन मंत्री ने बताया कि संस्थान द्वारा जिन छात्रों को लाइसेंस दिया गया है, इसमें 100 से ज्यादा अयोध्या और अन्य आसपास के जिलों से हैं। इसलिए अयोध्या के धार्मिक, अध्यात्मिक, भौगौलिक, सामाजिक, आर्थिक और ऐतिहासिक स्थिति से पहले से परिचित हैं। प्रशिक्षण के दौरान इनको अयोध्या में हो रहे बदलावों और भविष्य की आवश्यकताओं से परिचित कराया गया है। बीच में छात्रों को फिल्ड विजिट भी कराया गया है। अयोध्या में काम करने वाले टूरिस्ट गाइड ने भी इन छात्रों को प्रशिक्षण दिया है। इस प्रकार सभी छात्रों को सैद्धांतिक और व्यावहारिक रूप से प्रशिक्षित किया गया है।
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि अयोध्या विश्व की सुंदरतम नगरी के रूप में विकसित हो रही है। यहां बड़ी संख्या में पर्यटक आएंगे। इसके दृष्टिगत टूरिस्ट गाइड तैयार किए गए हैं। इससे लोगों को भ्रमण में काफी सुविधा मिलेगी।उन्होने बताया कि बाहर से आने श्रद्धालुओं के लिये सस्ती दर पर आरामदेह ठहरने की व्यवस्था की गयी है। इसके लिये अयोध्या में वायो-वोयो होम-स्टे के साथ एम-ओ-यू भी साइन किया गया है। वोयो निजी क्षेत्र की संस्था है। पर्यटन को बढ़ावा देने में इसकी काफी रूचि है। हाल में ही इसके द्वारा तैयार किये गये कमरों एवं होटल का शुभारम्भ किया गया है।

Advertisement
Advertisement

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here